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प्रदेश-2 में फिर उपजा भाषा विवाद (हिन्दी अनुवाद)

केंद्र में सरकार बदलने से प्रदेश 2 भी अछूता नहीं रहा। परिणामस्वरूप, एक मंत्री और एक राज्य मंत्री के साथ नेकपा माओवादी (केंद्र) भी सरकार में शामिल हो गयी। माओवादी केंद्र की ओर से भरत साह ने आंतरिक मामला और संचार मंत्री के रूप में शपथ ली और रूबी कर्ण ने उसी मंत्रालय में राज्य मंत्री के रूप में शपथ ली। इससे पहले दोनों मंत्रियों ने अपनी मातृभाषा मैथिली में शपथ लेने का स्टैंड लिया था। पद की शपथ लेने के तुरंत बाद उन्होंने अफसोस जताया कि कानून में कमी के कारण वे अपनी मातृभाषा मैथिली में शपथ नहीं ले सके और कहा कि शपथ की भाषा पर असहमति के कारण शपथ ग्रहण समारोह में देरी हुई। लेकिन शपथ लेने के तुरंत बाद उन्होंने मातृभाषा में शपथ लेने पर अध्यादेश लाने की प्रतिबद्धता भी जताई। दोपहर तीन बजे दोनों मंत्रियों का शपथ ग्रहण होना था। लेकिन भाषा विवाद के चलते यह कार्यक्रम दोपहर 4 बजे शुरू हो सका। इनलोगों ने मैथिली भाषा में लिखा एक प्रतीकात्मक शपथ पत्र भी प्रदेश 2 के प्रमुख राजेश झा को सौंपा था। मातृभाषा मैथिली के प्रति प्रेम और स्नेह को लेकर प्रदेश 2 में चर्चा में आए मंत्री साह ने एक सप्ताह पहले एक कार्यक्

गजल - ओ एलै बहार एलै

ओ एलै बहार एलै सुनि मोनक पुकार एलै गेलै मोन भरि उमंगसँ नेहक जे हँकार एलै हुनकर आगमनसँ हियमे प्रीतक रस अपार एलै दुनियाँ नीक लाग लगलै जिनगीकेँ किनार एलै सपना भेल एक पूरा सुखकेँ दिन हजार एलै मात्राक्रम : 2221-2122 © कुन्दन कुमार कर्ण

गजल - बादलमे नुका जाइ छैक चान किए

बादलमे नुका जाइ छैक चान किए अप्पन एतऽ बनि जाइ छैक आन किए करबै नेह जे केकरो अपार हियसँ तकरो बाद घटि जाइ छैक मान किए राखब बात जे दाबि मोनकेँ कहुना सभकेँ लागिये जाइ छैक भान किए चाहब जे रही खुश सदति हँसैत मुदा ई फुसि केर बनि जाइ छैक शान किए कुन्दन कल्पनामे गजल कहैत चलल सभ बुझि लेलकै प्रीत केर गान किए मात्राक्रम: 2221-2212-12112 ©कुन्दन कुमार कर्ण